हाथी के प्रवेश रोकने जैतहरी वनविभाग ने की रोकथाम की व्यवस्था

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एक दांत वाला हाथी एक सप्ताह से कर रहा विचरण 
अनूपपुर। छत्तीसगढ़ राज्य के मरवाही वन परिक्षेत्र में पिछले वर्ष आए पांच नर हाथियों के समूह का एक सदस्य जो एक दांत वाला नर हाथी है विगत एक सप्ताह से निरंतर विचरण कर रहा है इस हाथी के मध्यप्रदेश के अनूपपुर जिले में प्रवेश को रोकने के उद्देश्य वनविभाग द्वारा जारी दिशा निर्देश अनुसार चोलना बीट के गूजरनाला के समीप रोकथाम हेतु व्यवस्था की गई है। समय-समय पर ग्राम पंचायत चोलना,कुकुरगोड़ा एवं हाथियों के विचरण,आने-जाने वाले क्षेत्रों में मुनादी के माध्यम से ग्रामीणों को सतर्क किया जा रहा है।
ज्ञातब्य है कि जुलाई 2023 में पांच हाथियों का दल छत्तीसगढ़ राज्य के कटघोरा वन मंडल से विचरण करता हुआ मरवाही वन परिक्षेत्र की सीमा को पार करते हुए मध्यप्रदेश के अनूपपुर जिले की जैतहरी तहसील एवं वन परिक्षेत्र की सीमा में ग्राम पंचायत चोलना के गूजरनाला को पार कर आया रहा।
हाथियों के निरंतर विचरण से जिले में तीन ग्रामीणों की हाथियों के हमले से मौत हो गई थी साथ ही कई ग्रामीण हाथियों के हमले से घायल हुए रहे।
ज्ञात हो की रेस्क्यू दल द्वारा सफलता पूर्वक रेस्क्यू करते हुए कान्हा टाइगर रिजर्व जिला मंडला एवं बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व जिला उमरिया में रखा गया है एक बार फिर से अनूपपुर जिले के जैतहरी तहसील एवं वन परिक्षेत्र में प्रवेश करने की संभावना को देखते हुए वनविभाग द्वारा वन परिक्षेत्र जैतहरी के चोलना बीट के गूजरनाला जो मध्यप्रदेश एवं छत्तीसगढ़ राज्य की सीमा पर है के कभी भी प्रवेश करने की संभावना को देखते हुए इस हाथी के प्रवेश रोकने के उद्देश्य रोकथाम हेतु चिली फेंसिंग कराया है समय-समय पर हाथियों के विचरण के रास्ते में पढ़ने वाले ग्रामों में मुनादी के माध्यम से ग्रामीणों को सतर्क किया जा रहा है तथा मरवाही के घुसरिया बीट मे निरंतर नजर बनाए रखे हुए हैं।

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