हर्षोल्लाह से मनाया गया शिक्षक दिवस, शिक्षकों ने लिया संकल्प

कन्या शिक्षा परिसर अनूपपुर में आयोजित हुआ गरिमामय शिक्षक सम्मान समारोह
अनूपपुर। शिक्षक दिवस के अवसर पर माता शबरी आवासीय कन्या शिक्षा परिसर अनूपपुर में समारोह का आयोजन हर्षोल्लास एवं गरिमामय वातावरण में किया गया। कार्यक्रम में विद्यालय के शिक्षकों के योगदान को याद करते हुए उन्हें सम्मानित एवं पुरस्कृत किया गया। इस दौरान छात्राओं ने अपने शिक्षकों के प्रति सम्मान और आभार व्यक्त करते हुए विभिन्न प्रस्तुतियां भी दीं।
वहीं शिक्षक दिवस के अवसर पर छात्राओं द्वारा रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए। गीत, कविता, भाषण एवं अन्य प्रस्तुतियों के माध्यम से छात्राओं ने अपने शिक्षकों के प्रति सम्मान और कृतज्ञता व्यक्त की। छात्राओं की प्रस्तुतियों ने कार्यक्रम में मौजूद सभी लोगों का मन मोह लिया। वही कार्यक्रम में छात्राओं द्वारा शिक्षकों को उपहार दिया गया और शिक्षकों समेत छात्राओं को स्वल्पाहार भी कराया गया।

शिक्षकों के योगदान को किया गया नमन
कार्यक्रम की शुरुआत मां सरस्वती के पूजन एवं दीप प्रज्ज्वलन के साथ की गई। इसके बाद छात्राओं ने शिक्षक दिवस के महत्व पर अपने विचार व्यक्त किए। वक्ताओं ने कहा कि शिक्षक केवल पाठ्यक्रम पूरा करने तक सीमित नहीं होते, बल्कि विद्यार्थियों के व्यक्तित्व निर्माण, अनुशासन, संस्कार और बेहतर भविष्य की नींव तैयार करने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका होती है। शिक्षकों द्वारा विद्यालय में छात्राओं को शिक्षा के साथ-साथ जीवन मूल्यों, अनुशासन और जिम्मेदारी का पाठ पढ़ाने के लिए किए जा रहे प्रयासों की सराहना की गई।

बेहतर परीक्षा परिणाम वाले शिक्षक हुए सम्मानित
विद्यालय में बेहतर परीक्षा परिणाम (100%) लाने वाले शिक्षकों को विद्यालय प्रबंधन की ओर से सम्मानित एवं पुरस्कृत किया गया। कक्षा 10वीं व 12वीं में विषय वार 100% परीक्षा परिणाम लाने वाले शिक्षकों को मेडल पहनाकर प्रमाण पत्र व उपहार प्रदान किया गया। सम्मान प्राप्त करने वाले शिक्षकों ने इसे अपने लिए प्रेरणादायी बताते हुए भविष्य में और अधिक मेहनत करने की बात कही। इस अवसर पर कहा गया कि शिक्षक का सम्मान वास्तव में शिक्षा और ज्ञान का सम्मान है। विद्यार्थियों के जीवन को सही दिशा देने में शिक्षकों की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण होती है।

बच्चों के भविष्य को संवारना पहली प्राथमिकता – प्राचार्य
कार्यक्रम में शिक्षकों को संबोधित करते हुए विद्यालय की प्राचार्य डॉ प्रमिला पांडेय ने कहा कि विद्यालय की प्रत्येक छात्रा को बेहतर शिक्षा और उचित मार्गदर्शन उपलब्ध कराना उनकी प्राथमिकता है। छात्राओं को केवल परीक्षा में अच्छे अंक प्राप्त करने के लिए ही नहीं, बल्कि भविष्य की चुनौतियों का सामना करने के लिए आत्मनिर्भर एवं जिम्मेदार बनाने पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा। आने वाले समय में विद्यालय के परीक्षा परिणाम को और बेहतर बनाने के साथ-साथ छात्राओं की प्रतिभा को निखारने के लिए लगातार प्रयास किए जाएंगे।







