अनूपपुर: 38 साल की सेवा पूर्ण कर सेवानिवृत्त हुए कृष्णकांत परस्ते

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38 साल की सेवा पूर्ण कर सेवानिवृत्त हुए कृष्णकांत परस्ते


कन्या शिक्षा परिसर अनूपपुर में दी गई भावभीनी विदाई, शानदार रहा सेवा सफर


अनूपपुर। शासकीय सेवा में लगभग 38 वर्षों का लंबा और गौरवपूर्ण सफर पूरा करने के बाद श्री कृष्णकांत परस्ते, सहायक ग्रेड-3 सेवानिवृत्त हुए। उनकी सेवानिवृत्ति के अवसर पर माता शबरी आवासीय कन्या शिक्षा परिसर, अनूपपुर में सम्मान एवं विदाई समारोह का आयोजन किया गया। इस दौरान विद्यालय परिवार, सहकर्मियों एवं उपस्थित अतिथियों ने श्री परस्ते के दीर्घ सेवाकाल को याद करते हुए उन्हें भावभीनी विदाई दी।

38 वर्षों की सेवा में निभाई जिम्मेदारियां

श्री कृष्णकांत परस्ते ने अपने सेवाकाल के दौरान विभिन्न दायित्वों का निर्वहन पूरी जिम्मेदारी, लगन और ईमानदारी के साथ किया। कार्यालयीन कार्यों में उनकी सक्रियता और कार्य के प्रति समर्पण के कारण सहकर्मियों के बीच उनकी अलग पहचान बनी रही। वर्षों तक बाबू के रूप में कार्यालयीन व्यवस्थाओं को संभालते हुए उन्होंने अपने अनुभव और कार्यकुशलता से विभागीय कार्यों में महत्वपूर्ण योगदान दिया।

सहकर्मियों ने साझा किए अनुभव

विदाई समारोह के दौरान सहकर्मियों ने श्री परस्ते के साथ बिताए अपने अनुभव साझा किए। वक्ताओं ने कहा कि लंबे समय तक एक ही कार्यस्थल और विभागीय व्यवस्था का हिस्सा रहकर उन्होंने न केवल अपने दायित्वों को पूरा किया, बल्कि नए कर्मचारियों को भी कार्यालयीन कार्यों की बारीकियां समझाने में सहयोग किया।
इस अवसर पर विद्यालय की प्राचार्य प्रमिला डॉ पांडेय ने कहा कि 38 वर्षों का सेवाकाल अपने आप में एक बड़ी उपलब्धि है। उनके अनुभव, सहज व्यवहार और सहयोग की भावना को लंबे समय तक याद किया जाएगा।

सम्मान के साथ दी विदाई

समारोह में श्री कृष्णकांत परस्ते का पुष्पगुच्छ, शॉल एवं श्रीफल से सम्मान किया गया। साथ ही उनके साथ आईं उनकी पत्नी बच्चे वो परिवार को भी सम्मानित किया गया। इस दौरान उनके स्वस्थ, सुखद एवं खुशहाल सेवानिवृत्त जीवन की कामना की गई। कार्यक्रम में विद्यालय परिवार के सदस्यों ने कहा कि नौकरी से व्यक्ति सेवानिवृत्त होता है, लेकिन उसके द्वारा दी गई सेवाएं और बनाई गई अच्छी यादें हमेशा साथ रहती हैं।
भावुक हुए श्री परस्ते
विदाई समारोह में अपने संबोधन के दौरान श्री कृष्णकांत परस्ते भावुक नजर आए। उन्होंने अपने सेवाकाल के दौरान मिले सहयोग के लिए अधिकारियों, सहकर्मियों एवं विद्यालय परिवार के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि इतने लंबे सेवाकाल में अनेक लोगों के साथ काम करने और उनसे सीखने का अवसर मिला, जिसकी यादें हमेशा उनके साथ रहेंगी।
समारोह का माहौल उस समय भावुक हो गया जब सहकर्मियों ने उनके साथ बिताए पुराने अनुभवों को साझा किया। 38 साल की सेवा के सफर को सम्मान के साथ विराम देते हुए कृष्णकांत परस्ते ने शासकीय सेवा से विदाई ली।

यादगार रहा विदाई समारोह

माता शबरी आवासीय कन्या शिक्षा परिसर में आयोजित यह विदाई समारोह श्री परस्ते के लिए यादगार बन गया। विद्यालय परिवार ने उनके दीर्घ सेवाकाल और योगदान को सम्मान देते हुए उन्हें नई जीवन यात्रा के लिए शुभकामनाएं दीं। सभी ने उम्मीद जताई कि सेवानिवृत्ति के बाद का जीवन उनके लिए सुख, शांति और स्वास्थ्य से परिपूर्ण रहेगा।