उपलब्धि का उल्लास या संवेदनाओं का अकाल? अमरकंटक ताप

👇खबर सुनने के लिए प्ले बटन दबाएं

विद्युत गृह में जश्न के बीच लोको पायलट की मौत पर चुप्पी
 अनूपपुर। मध्य प्रदेश पावर जनरेटिंग कंपनी लिमिटेड (MPPGCL) के अमरकंटक ताप विद्युत गृह, चचाई में आगामी 26 फरवरी 2026 को एक भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। कार्यालय कार्यपालक निदेशक द्वारा जारी परिपत्र के अनुसार, संयंत्र की 210 MW इकाई ने 01 अक्टूबर 2024 से लगातार 500 से अधिक दिनों तक विद्युत उत्पादन कर एक ऐतिहासिक कीर्तिमान स्थापित किया है। इस उपलब्धि पर स्वयं प्रबंध निदेशक (MD) चचाई पहुंचकर कर्मचारियों को संबोधित करेंगे और मिठाई बांटेंगे।

एक तरफ कीर्तिमान, दूसरी तरफ मातम

जहाँ प्रबंधन इस रिकॉर्ड को “गौरवपूर्ण अवसर” मानकर टी-शर्ट वितरण और मिष्ठान वितरण की तैयारी में जुटा है, वहीं जमीनी स्तर पर कर्मचारियों में भारी आक्रोश और शोक व्याप्त है। जानकारी के अनुसार, हाल ही में संस्थान में कार्यरत एक लोको पायलट की मृत्यु हो गई है। विडंबना यह है कि प्रशासन ने इस उपलब्धि के शोर में अपने ही एक दिवंगत साथी के लिए शोक संवेदना का एक शब्द तक जारी करना उचित नहीं समझा।

प्रबंधन की कार्यप्रणाली पर उठते सवाल

विभागीय सूत्रों और स्थानीय लोगों का कहना है कि प्रशासन केवल आंकड़ों और कीर्तिमानों की चमक में खोया हुआ है।क्या 500 दिनों का यह रिकॉर्ड उन कर्मचारियों की मेहनत और त्याग के बिना संभव था? जारी किए गए आधिकारिक कार्यक्रम में स्वागत, संबोधन और मिठाई का जिक्र तो है, लेकिन दिवंगत कर्मचारी के सम्मान में दो मिनट का मौन या किसी शोक संदेश का कोई उल्लेख नहीं है।”जब मशीनों से रिकॉर्ड बनते हैं तो प्रबंधन जश्न मनाता है, लेकिन जब उन मशीनों को चलाने वाला इंसान चला जाता है, तो प्रशासन मौन साध लेता है।

प्रस्तावित कार्यक्रम की रूपरेखा
प्रबंध निदेशक के आगमन पर सुबह 08:15 बजे से स्वागत कार्यक्रम शुरू होगा, जो 08:55 बजे मिष्ठान वितरण के साथ समाप्त होगा। आदेशानुसार सभी अधिकारियों, ठेकेदारों और श्रमिकों को सुबह 08:00 बजे उपस्थित रहने के निर्देश दिए गए हैं।
अब देखना यह होगा कि क्या प्रबंध निदेशक महोदय अपने संबोधन में इस दुखद घटना का संज्ञान लेते हैं, या फिर यह जश्न केवल औपचारिक मुस्कुराहटों और कागजी रिकॉर्ड्स तक ही सीमित रहेगा।